तरुण तिवारी बकेवर इटावा।
स्थानीय ब्लॉक सभागार महेवा में कृषि विभा इटावा के तत्वाधान में व सहायक विकास अधिकारी कृषि महेवा राजेश चौबे के सयोंजन में एकीकृत धान्य विकास कार्यक्रम -चावल योजना के अन्तर्गत किसानों का प्रशिक्षण एवम फसल अवशेष प्रबंधन जागरूकता कार्यक्रम पर गोष्ठी का आयोज पूर्व निर्धारित समय पर आयोजित हुई जिसमें जिले से आये कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों को महत्वपूर्ण जानकारी दी ।
कृषि वैज्ञानिक पी एन त्रिपाठी ने किसानों को सम्बोधित करते हुए कहा कि आज हम हद से ज्यादा ही खरपतवारों का विनाश कर रहे है जबकि कुदरत के अनुसार खरपतवार भी सहायक है वही फसलों में किसानों को अधिक मात्रा में पेस्टीसाइड व कीटनाशक प्रयोग नहीँ करना चाहिये ।
वहीँ कृषि वैज्ञानिक प्रो 0 हरीशंकर दीक्षत ने कहा कि धान की फसल में यदि पीलापन आये तो प्रति हेक्टेयर 25 किलो जिंक का प्रयोग करना चाहिये ,वहीँ खेती में जैविक खादों के लिए भी प्रेरित किया ।
वहीँ बी टी एम सत्यपाल सिंह ने किसानों को मृदा परीक्षण कराने ,उन्नतिशील बीजों का प्रयोग करने ,जैविक खादों को बढ़ावा देने का आवाहन किया है ।
वहीँ गोष्ठी में राजकीय कृषि बीज भंडार प्रभारी बृजेंद्र बाबू ने बीजों व फसल अवशेष प्रबंधन के बारे में बताया ।
कृषि विभाग के रघुपाल सिंह ,विजय प्रताप सिंह ,हरयोगेन्द्र ,चंद्रशेखर ,देवदत्त आदि रहे ।वहीँ गोष्ठी में प्रमुख रुप से सुखदेव चौबे आनेपुर ,अनिल कुमार ,ओमदत्त तिवारी ,कृष्ण कांत तिवारी ,नीरज दोहरे ,राजेन्द्र प्रसाद ,नरेश तिवारी ,अबधेश राठौर ,महिला किसान पुष्पा तिवारी ,बबली ,कमला देवी ,आशा तिवारी आदि मौजूद रहे ।फोटो

By Editor

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *